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    Thursday, June 13, 2019

    Hardware & software


    HARDWARE & SOFTWARE 

    ·   Hardware :-  हार्डवेयर के अंतर्गत कम्प्युटर के वे सभी साधन आते हैं जिन्हें देखकर तथा छुकर अनुभव किया जाता है उसे हार्डवेयर कहते हैं. जैसे -, Monitor, keyboard, mouse. आदि।

    ·   Software :–  कम्प्यूटर में प्रयोग होने वाले सभी यान्त्रिक, इलेक्ट्रॉनिक तथा विधुत के वे भाग जिन्हें हम आंखों से देख सकते हैं परन्तु छू नहीं सकते, सॉफ्टवेयर कहलाते हैं। जैसे – Dos ,Windows ,FoxPro, Tally,
    MS Office .
    DATA & INFORMATION
    ·   Data :–  किसी प्रकार की अधूरी जानकारी को डाटा कहा जाता है ,जिससे कोई अर्थपूर्ण सूचना न प्राप्त हो सके। जैसे – 9214909603 ,15-04-1997 , Good.
    ·   Information :-  किसी भी प्रकार की पूर्ण जानकारी को कहा जाता है ,जिससे कोई अर्थ पूर्ण सूचना प्राप्त हो सके। जैसे - महेंद्र  - मो. न.9214909603 युक्ता की जन्म दिनांक -15-04-1997, Nitin is a Good boy
    Computer System
    एक कंप्यूटर सिस्टम को निम्नलिखित भागों में विभाजित किया जा सकता है-
    (A) सीपीयू CPU (Central Processing Unit)-  CPU का कार्य दिए गए डाटा को प्रोसेस करके  उससे आउटपुट रूप में सूचनाएं निकालना होता है। CPU को कम्प्यूटर का मस्तिष्क भी कहा जाता है। CPU मुख्यत: तीन भागों में बंटा होता है-





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    1. कन्ट्रोल यूनिट- कन्ट्रोल यूनिट कम्प्यूटर को दिए गए डाटा और निर्देशों को कन्ट्रोल अथवा नियन्त्रित करने का कार्य करती है। कन्ट्रोल यूनिट कम्प्यूटर की आंतरिक क्रियाओं को संचालित करके, उन्हें नियन्त्रित करती है। इसके बाद इन क्रियाओं का एएलयू तथा मेमोरी में आदान-प्रदान होता है। 

    2. अर्थमैटिक लॉजिक यूनिट (Arithmetic logic unit)- कम्प्यूटर पर दिए गए डाटा तथा निर्देशों पर अंकगणितीय क्रियाएं तथा तार्किक क्रियाएं करने के लिए अर्थमैटिक लॉजिक यूनिट का प्रयोग किया जाता है। एएलयू कन्ट्रोल यूनिट से डाटा तथा निर्देशों को सूचना के रूप में मेमोरी में भेज देता है।

    (B) Memory Unit - कंप्यूटर में मेमोरी निम्न प्रकार की होती है –            
    1.  Primary Memory :-  यह कंप्यूटर की मुख्य मेमोरी  कहलाती है,यह दो प्रकार की होती है –
    (1) RAM (Random Access Memory) :-  यह कंप्यूटर  की मुख्य मेमोरी कहलाती है। यह एक अस्थायी मेमोरी होती है क्योकि इस मेमोरी में डाटा व् किया गया कार्य केवल तब काट ही सुरक्षित रहता है जब तक पावर अर्थात बिजली आ रही हो और पावर बंद करने पर डाटा स्वतः मेमोरी से हट जाते है।  यह मेमोरी दो प्रकार की होती है।
      1. Static Ram   2. Dynamic Ram
    (2) Rom (Read Only Memory) :-  यह एक रीड ओनली व स्थायी मेमोरी होती है इस मेमोरी को प्रयोगकर्ता केवल पढ़ सकता है वह इसमें परिवर्तन नहीं कर सकता है। इस मेमोरी में सिस्टम प्रोग्राम स्टोर रहते है। जिसको कंप्यूटर निर्माणकर्ता बनाते  समय ही स्टोर कर  देते है। यह निम्न प्रकार की होती है-
    1. PROM (Programmable Read Only Memory) 
    2. EPROM (Erasable & Programmable Read Only Memory)
    3. EEPROM(Electrically Programmable Read Only Memory)











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